गया अब गया जी हुआ
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| घटना | बिहार सरकार द्वारा गया का नाम बदलकर गया जी किया जाना। |
| उद्देश्य | शहर के धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व का सम्मान करना और पर्यटन को बढ़ावा देना। |
| ऐतिहासिक संदर्भ | गया प्राचीन मगध साम्राज्य का हिस्सा था। |
| धार्मिक महत्व | - पितृपक्ष त्योहार के दौरान पिंड दान के लिए प्रमुख हिंदू तीर्थ स्थल। |
| - गया जिले में स्थित बोधगया वह स्थान है जहाँ गौतम बुद्ध ने ज्ञान प्राप्त किया था। | |
| - पवित्र पहाड़ियों से घिरा हुआ: मंगला-गौरी, श्रृंगा-स्थान, राम-शिला, और ब्रह्मयोनि। | |
| पौराणिक मान्यता | त्रेता युग में, गयासुर नामक राक्षस ने यहाँ तपस्या की, जिसके कारण इसका नाम गया पड़ा। |
| फल्गु नदी | गया के पूर्व में बहती है; केवल मानसून के दौरान पानी रहता है, अन्यथा सूखी रहती है। |
| पितृपक्ष महोत्सव | आश्विन (सितंबर-अक्टूबर) के दौरान 16-दिवसीय हिंदू त्योहार जो पूर्वजों को सम्मानित करने के लिए मनाया जाता है। |

