गुजरात की पिथोरा पेंटिंग को भौगोलिक संकेतक (GI) टैग प्राप्त हुआ।
| विषय | विवरण |
|---|---|
| GI टैग प्राप्त उत्पाद | पिथोरा पेंटिंग, जो गुजरात की राठवा जनजाति की प्राचीन भित्ति चित्रकला (Wall Painting) परंपरा है। |
| संबंधित जनजातियाँ | यह कला मुख्यतः राठवा, भिलाला तथा नायक जनजातियों द्वारा गुजरात एवं उससे लगे क्षेत्रों में प्रचलित है। |
| उद्देश्य | यह एक अनुष्ठानिक एवं आध्यात्मिक लोककला है, जिसका उपयोग बाबा पिथोरा (धन, स्वास्थ्य, शांति एवं सौभाग्य से जुड़े जनजातीय देवता) की पूजा एवं आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए किया जाता है। |
| चित्रों के प्रमुख विषय | घोड़े (देवताओं के प्रतीक के रूप में), जनजातीय देवता, सूर्य एवं चंद्रमा, पशु-पक्षी, कृषि, दैनिक जीवन तथा आध्यात्मिक प्रतीक। |

