भारत में मार्च 2026 तक 54 जैव विविधता विरासत स्थलों को आधिकारिक मान्यता प्रदान की गई।
| श्रेणी | विवरण |
|---|---|
| देश | भारत |
| स्थिति | मेगाडायवर्स (Megadiverse) देश, अर्थात् अत्यधिक जैव विविधता वाला राष्ट्र। |
| संबंधित कानून | जैविक विविधता अधिनियम, 2002 (Biological Diversity Act, 2002) की धारा 37 |
| शासी प्राधिकरण | राष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण (National Biodiversity Authority - NBA) |
| कुल जैव विविधता विरासत स्थल (BHS) | 54 (मार्च 2026 तक) |
| प्रथम जैव विविधता विरासत स्थल | नल्लूर इमली उपवन (Nallur Tamarind Grove), कर्नाटक — वर्ष 2007 में घोषित। |
| प्रमुख पारिस्थितिकी तंत्र | स्थलीय (Terrestrial), तटीय (Coastal), अंतर्देशीय जल (Inland Water) तथा समुद्री (Marine) |
| विशेषताएँ | समृद्ध जैव विविधता, स्थानिक प्रजातियाँ (Endemism), दुर्लभ एवं संकटग्रस्त प्रजातियाँ, जीवाश्म परिदृश्य (Fossil Landscapes) आदि। |
| प्रस्तावित जैव विविधता विरासत स्थल | याया त्सो झील (Yaya Tso Lake), लद्दाख — जिसे "पक्षियों का स्वर्ग" (Birds' Paradise) कहा जाता है। |

