अंतर्राष्ट्रीय उष्णकटिबंधीय दिवस: जैव विविधता और स्थिरता
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| तिथि | 29 जून (वार्षिक) |
| स्थापना | 14 जून, 2016, संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा (प्रस्ताव A/RES/70/267) |
| उद्देश्य | उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों की चुनौतियों और अवसरों के बारे में जागरूकता बढ़ाना |
| महत्व | जैव विविधता, जलवायु नियमन, प्राकृतिक संसाधन, सांस्कृतिक विविधता और उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों के आर्थिक महत्व को मान्यता देना |
| चुनौतियाँ | जलवायु परिवर्तन, वनों की कटाई, शहरीकरण, जैव विविधता की हानि, जनसांख्यिकीय परिवर्तन |
| मुख्य फोकस क्षेत्र | जैव विविधता (80% स्थलीय प्रजातियाँ, 95-99% प्रवाल प्रजातियाँ), सतत विकास, संरक्षण |
| पहली उष्णकटिबंधीय रिपोर्ट | 2014 में आंग सान सू की द्वारा प्रकाशित |
| सहयोगी संस्थान | बारह प्रमुख उष्णकटिबंधीय शोध संस्थान |
| गतिविधियाँ | शैक्षिक कार्यक्रम, वैज्ञानिक सम्मेलन, सांस्कृतिक उत्सव, पर्यावरणीय पहल, मीडिया अभियान |

