भारत-पाकिस्तान तनाव के बीच देशव्यापी नागरिक सुरक्षा अभ्यास
| मुख्य पहलू | विवरण |
|---|---|
| घटना | राष्ट्रव्यापी नागरिक सुरक्षा अभ्यास |
| तारीखें | 7-9 मई, 2025 |
| आयोजन प्राधिकरण | गृह मंत्रालय (MHA) |
| शुरुआत का कारण | पहलगाम आतंकवादी हमले (22 अप्रैल, 2025) के बाद भारत-पाकिस्तान के बीच बढ़ा तनाव |
| जानहानि | पहलगाम हमले में 26 नागरिकों की मौत |
| दायरा | 244 संवेदनशील जिले, जिनमें जम्मू और कश्मीर के सीमावर्ती गांव शामिल हैं |
| प्रतिभागी | नागरिक सुरक्षा, राज्य पुलिस, NCC, NYKS, छात्रों के 4 लाख स्वयंसेवक |
| गतिविधियाँ | हवाई हमले के सायरन, ब्लैकआउट ड्रिल, निकासी योजना, बंकर रखरखाव |
| हाल के उपाय | - 1 मई, 2025: अरनिया सेक्टर, जम्मू में सुरक्षा अभ्यास |
| - 4 मई, 2025: फिरोजपुर, पंजाब में 30 मिनट का ब्लैकआउट ड्रिल | |
| उच्च-स्तरीय बैठकें | पीएम मोदी ने रक्षा सचिव और एनएसए अजीत डोभाल के साथ सुरक्षा समीक्षा के लिए बैठक की |
| ऐतिहासिक पृष्ठभूमि | 1962 के भारत-चीन युद्ध के बाद से नागरिक सुरक्षा रणनीति पर जोर दिया गया है |
| पिछली चर्चा | 2022 में सूरजकुंड, हरियाणा में चिंतन शिविर |

