| क्या हुआ? | 15 दिसंबर 2024 को, यूनाइटेड किंगडम (UK) ने आधिकारिक तौर पर व्यापक और प्रगतिशील ट्रांस-पैसिफिक साझेदारी समझौते (CPTPP) में शामिल होने का फैसला किया, जिससे वह ऐसा करने वाला पहला यूरोपीय देश बन गया। |
| UK के प्रवेश का उद्देश्य | यह UK की ब्रेक्ज़िट के बाद की रणनीति का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य आर्थिक विकास को बढ़ावा देना और व्यापार के अवसरों को विविध बनाना है। |
| CPTPP के सदस्य | ऑस्ट्रेलिया, ब्रुनेई, कनाडा, चिली, जापान, मलेशिया, मैक्सिको, न्यूज़ीलैंड, पेरू, सिंगापुर, वियतनाम, और अब UK। |
| आर्थिक प्रभाव | अनुमान है कि यह UK की अर्थव्यवस्था में हर साल £2 बिलियन तक का योगदान करेगा और वित्तीय सेवाओं, विनिर्माण, और खाद्य व पेय जैसे क्षेत्रों को लाभ होगा। |
| CPTPP का वैश्विक हिस्सा | यह वैश्विक सकल घरेलू उत्पाद (GDP) के लगभग 15% और 500 मिलियन से अधिक लोगों का प्रतिनिधित्व करता है। |
| उत्पत्ति के नियम (Rules of Origin) | इससे UK के उद्योगों को लाभ होने की उम्मीद है, जैसे कार निर्माण और खाद्य उत्पादन। छोटे और मध्यम उद्यमों (SMEs) के लिए निर्यात प्रक्रिया सरल होगी। |
| अनुमोदन की स्थिति | आठ CPTPP सदस्यों (जापान, सिंगापुर, चिली, न्यूज़ीलैंड, वियतनाम, पेरू, मलेशिया, ब्रुनेई) ने UK के प्रवेश को अनुमोदित किया है। ऑस्ट्रेलिया ने 24 दिसंबर 2024 तक अनुमोदन करने का लक्ष्य रखा है। |
| ब्रेक्ज़िट के बाद की व्यापार रणनीति | CPTPP की मदद से UK निर्यात और आयात के लिए EU देशों पर अपनी निर्भरता को कम करके वैश्विक स्तर पर व्यापार को विविध बना रहा है। |
| भविष्य में विस्तार | कोस्टा रिका जैसे और देशों ने आने वाले वर्षों में CPTPP में शामिल होने में रुचि दिखाई है। |
| ऐतिहासिक संदर्भ (CPTPP का गठन) | 2016 में अमेरिका के ट्रांस-पैसिफिक साझेदारी (TPP) से हटने के बाद 11 देशों ने इसे बनाया। |