संसदीयता का अंतर्राष्ट्रीय दिवस
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| तिथि | 30 जून |
| उद्देश्य | लोकतांत्रिक शासन में संसदों की भूमिका का जश्न मनाना |
| 2024 की थीम | संसदीय कूटनीति: शांति और समझ के लिए पुलों का निर्माण |
| संसदीय कूटनीति का फोकस | रिश्ते बनाना, सहयोग को बढ़ावा देना, संवाद को प्रोत्साहित करना और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर राष्ट्रीय हितों का प्रतिनिधित्व करना |
| अंतर-संसदीय संघ (IPU) | 1889 में स्थापित, संवाद के माध्यम से संघर्षों को सुलझाने, संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों का समर्थन करने और निरस्त्रीकरण की वकालत करने का लक्ष्य रखता है |
| IPU के योगदान | लोकतांत्रिक संस्थाओं का निर्माण, निरस्त्रीकरण का समर्थन, महिलाओं और युवाओं के लिए शांति और सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित करना |
| लोकतंत्र के समक्ष चुनौतियाँ | जनता के विश्वास में गिरावट, जनवादी/राष्ट्रवादी आंदोलनों का उदय, विविध प्रतिनिधित्व और प्रौद्योगिकी के अनुकूलन की आवश्यकता |
| दिवस के लक्ष्य | स्व-मूल्यांकन को प्रोत्साहित करना, प्रतिनिधित्व बढ़ाना, पारदर्शिता और जवाबदेही को बढ़ावा देना |
| संयुक्त राष्ट्र द्वारा मान्यता | 2018 में स्थापित, संसदों में पारदर्शिता और जवाबदेही पर जोर देता है |
| कैसे मनाएँ | संसदों के बारे में जानें, स्थानीय संसद सदस्यों के साथ जुड़ें, सत्रों में भाग लें/ देखें, शैक्षिक कार्यक्रमों में भाग लें |
| संसदों की भूमिका | मजबूत, पारदर्शी, जवाबदेह और प्रतिनिधिक संस्थाएं |

